‘राष्‍ट्रीय धनवंतरी आयुर्वेद पुरस्‍कार 2018

  • धनवंतरी जयंती के अवसर पर 5 नवम्‍बर, 2018 को देश भर में तीसरा आयुर्वेद दिवस मनाया गया ।
  • आयुर्वेद दिवस समारोह के एक हिस्‍से के रूप में मंत्रालय ने 4 एवं 5 नवम्‍बर, 2018 को नई दिल्‍ली में नीति आयोग के सहयोग से ‘आयुर्वेद में उद्यमिता एवं व्‍यावसायिक विकास’ पर राष्‍ट्रीय संगोष्‍ठी आयोजित की, जिसका उद्देश्‍य आयुर्वेद क्षेत्र में उपलब्‍ध कारोबारी अवसरों की ओर उद्यमियों और आयुर्वेद के हितधारकों को प्रोत्‍साहित करना था।
  • तीसरा आयुर्वेद दिवस के अवसर पर 5 नवम्‍बर, 2018 को राष्‍ट्रीय धनवंतरी आयुर्वेद पुरस्‍कार  प्रदान किए गए।
  • तीसरे आयुर्वेद दिवस पर आयोजित मुख्‍य समारोह में देश भर के लगभग 800 प्रतिभागियों ने भाग लिया। इस वर्ष वैद्य एस.के. मिश्रा, प्रो. एम.एस. बाघेल और डॉ. इतुझी भवदशन को आयुर्वेद के संवर्धन में उल्‍लेखनीय योगदान देने के लिए ये प्रतिष्‍ठित पुरस्‍कार प्रदान किए गए हैं।
  • यह पुरस्‍कार प्राप्‍त करने वालों को 5 लाख रुपये का नकद पुरस्‍कार और प्रशस्‍ति पत्र प्रदान किए जाते हैं। नई दिल्‍ली स्‍थित अखिल भारतीय आयुर्वेद संस्‍थान (एआईआईए) द्वारा आयोजित की गई राष्‍ट्रीय स्‍तर की आयुर्वेद प्रश्‍नोत्‍तरी के विजेताओं का भी अभिनंदन इस अवसर पर किया गया।
  • आयुष राज्‍य मंत्री श्री श्रीपद येसो नाईक ने घोषणा की   कि 19 नए एम्‍स में आयुर्वेद विभाग खोले जाएंगे। उन्‍होंने कहा कि श्रम मंत्रालय के अधीनस्‍थ 100 ईएसआईसी अस्‍पतालों में आयुर्वेद विभाग खोलने की दिशा में पहले ही काम शुरू हो चुका है।  
  • तीसरे आयुर्वेद दिवस का शुभारंभ करते हुए श्री नाईक ने कहा कि इस वर्ष मंत्रालय ने ‘सार्वजनिक स्‍वास्‍थ्‍य के लिए आयुर्वेद’ थीम को पूर्णता प्रदान करने के लिए अनेक कदम उठाए हैं और इसके साथ ही ‘गैर संचारी रोग की रोकथाम’ नामक राष्‍ट्रीय कार्यक्रम का दायरा मौजूदा 6 राज्‍यों से और ज्‍यादा बढ़ाने का निर्णय लिया गया है। उन्‍होंने कहा कि मंत्रालय आयुर्वेद और आयुष क्षेत्र में उद्यमिता बढ़ाने के लिए सूक्ष्‍म, लघु एवं मझोले उद्यमों (एमएसएमई) के सहयोग से 50 कार्यशालाएं आयोजित करेगा।  
  • तीसरे आयुर्वेद दिवस की एक विशेष बात यह भी रही कि इस अवसर पर ‘आयुष-स्‍वास्‍थ्‍य प्रबंधन सूचना प्रणाली (ए-एचएमआईएस-A-HMIS)’ को लांच किया गया जो आयुष की स्‍वास्‍थ्‍य प्रणालियों हेतु इलेक्‍ट्रॉनिक हेल्‍थ रिकॉर्ड (ईएचआर) के लिए एक समर्पित सॉफ्टवेयर एप्‍लीकेशन है और इससे देश में आयुर्वेद, योग, यूनानी, सिद्ध एवं होम्‍योपैथी से जुड़े इलाज में क्रांतिकारी बदलाव आने की उम्‍मीद है, क्‍योंकि इन प्रणालियों में अब आधुनिक आईटी-सॉल्‍यूशन्‍स को शामिल किया जाएगा।

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